बालकों में संस्कृति का विकास
- Authors
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शिवानी शाह
Author
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- Abstract
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संस्कृति, समाज के जीवन का एक अभिन्न हिस्सा है, और यह हमारे विचारों, विश्वासों, परंपराओं, व्यवहारों, भाषा, कला, और रीति-रिवाजों के माध्यम से प्रकट होती है। बालकों में संस्कृति का विकास समाज और उनके परिवेश द्वारा आकारित होता है। बच्चों का बचपन इस प्रकार की नींव बनाने का समय होता है, जो उन्हें भविष्य में अपनी पहचान और समाज में अपना स्थान स्थापित करने में मदद करती है। यह आलेख बालकों में संस्कृति के विकास के विभिन्न पहलुओं पर ध्यान केंद्रित करेगा और इस प्रक्रिया में परिवार, शिक्षा, समुदाय और मीडिया के प्रभाव को समझने की कोशिश करेगा।
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- 2025-07-31
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- Articles
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Copyright (c) 2025 शिवानी शाह (Author)

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How to Cite
बालकों में संस्कृति का विकास. (2025). KALAA SAMIKSHA, 1(04), 1-3. https://kalaasamiksha.in/index.php/ks/article/view/17
